गर्मियों में शरीर को ठंडा रखने के लिए घर पर बनाएं सत्तू का शरबत, जानिए क्या हैं इससे हेल्थ रिलेटेड फायदे
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Sattu Sharbat Easy Recipe: मई का महीना चल रहा है। इस समय पूरे भारत में जबरदस्त गर्मी पड़ रही है और हीटवेब चल रही है। मौसम विभाग ने एडवाइजरी जारी की है लोगों को हीटवेव से बचने के लिए घर से न निकलने की सलाह दी है। इस हीटवेव से अगर आप बचना चाहते हैं तो अपने खाने-पीने में भी बदलाव करना बेहद जरूरी है। इस मौसम में लोग खुद को हाइड्रेट रखने के लिए सत्तू का प्रयोग करते हैं। सत्तू ऐसी चीज़ है जो गर्मियों में खूब खाया जाता है, खासकर उत्तर प्रदेश और बिहार के क्षेत्र में।
क्या आप जानते हैं कि सत्तू का शरबत भी बनाया जाता है। सत्तू का शरबत पीना काफी लाभदायक माना जाता है क्योंकि भीषण गर्मी में सत्तू का सेवन किसी वरदान से कम नहीं है। गर्मियों के दिनों में इससे अच्छा कुछ नहीं हो सकता है। यह शरीर को ठंडा करने के साथ-साथ पेट को फुल भी रखता है।
आप इसे अपने टेस्ट के मुताबिक नमकीन या मीठा दोनों तरह से बना सकते हैं। इसकी खास बात ये हैं कि यह केवल 5 मिनट में बन जाता है। यह स्वाद में बेहद टेस्टी होता है।
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इस आर्टिकल में हम आपको बताएंगे कि हम आसनी से कैसे सत्तू का शरबत (Sattu Sharbat Recipe) बनाए सकते हैं और इसे बनाने के लिए किन किन सामग्रियों की जरूरत पड़ेगी।
सत्तू का नमकीन शरबत बनाने के लिए चाहिए यह चीजें-
सत्तू-4 चम्मच
प्याज-1 (बारीक कटा हुआ)
भुना जीरा पाउडर-1 चम्मच
नींबू का रस-1 चम्मच
काला नमक-स्वादानुसार
पानी-जरूरत अनुसार
पुदीना की पत्ता-7 से 8
हरा धनिया- 1 चम्मच (बारीक कटा हुआ)
सत्तू का नमकीन शरबत बनाने का तरीका-
-सत्तू का नमकीन शरबत बनाने के लिए सबसे पहले एक बड़े बर्तन में 2 कप पानी डालें।
-इसके बाद इसमें सत्तू डालें।
-इसके बाद इसमें जीरा पाउडर, प्याज और धनिया डालें.
-इसमें नींबू का रस मिक्स करें।
-इसके बाद इसमें पुदीने की पत्तियां और नमक मिक्स करें।
-इसके बाद चाहें तो बर्फ के कुछ टुकड़े डाल दें।
-सभी को मिक्स कर दें।
-आपका नमकीन सत्तू का शरबत तैयार है।
-इसे ठंडा सर्व करें।
सत्तू का मीठा शरबत की सामग्री
सत्तू
पानी
चीनी
काजू
बादाम
ऐसे बनाएं सत्तू का मीठा शरबत
सत्तू का मीठा शरबत बनाना काफी आसान है। इसके लिए सबसे पहले एक जग में सत्तू लें। अब इसमें पानी डालकर इसका घोल पतला कर लें। जब घोल पानी में सही तरह से मिल जाए तो इसमे चीनी का पाउडर डालें। चीनी के पाउडर को पानी में सही तरह से घोलें, ताकि इसका स्वाद सही से आए। इसके बाद जब ये सही से घुल जाए तो इसमें ऊपर से कटे हुए बादाम और काजू डालकर आखिर में बर्फ डालें। अब ठंडा करने के बाद इसे गिलास में करके परोसें।
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सत्तू का शरबत बनाते समय इन बातों का रखें ध्यान
- आप सत्तू शरबत को पुदीने के पत्तों, धनिए के पत्तों, या फल के टुकड़ों से सजा सकते हैं।
- आप सत्तू शरबत को मीठा बनाने के लिए चीनी या शहद का उपयोग कर सकते हैं।
- अगर आपको मसालेदार पसंद है, तो आप सत्तू शरबत में जीरा, धनिया, और मिर्च पाउडर डाल सकते हैं।
सत्तू शरबत के फायदे:
- हाइड्रेशन: सत्तू शरबत शरीर को हाइड्रेटेड रखने में मदद करता है।
- ठंडक: सत्तू शरबत शरीर को ठंडा रखता है।
- पोषक तत्व: सत्तू में प्रोटीन, फाइबर और अन्य पोषक तत्व होते हैं जो शरीर के लिए फायदेमंद होते हैं।
- ऊर्जा: सत्तू शरबत शरीर को ऊर्जा प्रदान करता है।
- पाचन: सत्तू शरबत पाचन में सुधार करने में मदद करता है।
- गर्मियों में राहत: सत्तू शरबत गर्मियों में शरीर को ठंडा रखने में मदद करता है।
क्या सत्तू शरबत वजन घटाने के लिए अच्छा है?
सत्तू का शरबत गर्मी के मौसम में शरीर को तुरंत ठंडक पहुंचाता है और गर्मी से होने वाली बीमारियों से बचाता है। यह एक उच्च प्रोटीन वाला भोजन भी है और वजन घटाने में मदद करता है । खाली पेट इस पेय के कई फायदे हैं और इसमें नींबू का एक चुटकी मिलाकर पीने से आपके स्वास्थ्य पर इसके सकारात्मक प्रभाव बढ़ सकते हैं।
सतुई एक प्रकार का आटा है जो सूखी भुनी हुई और पिसी हुई दालों और अनाज से बनता है। सूखे पाउडर को व्यंजनों के मुख्य या द्वितीयक घटक के रूप में विभिन्न तरीकों से तैयार किया जाता है। सतुई का उपयोग शाकाहारी व्यंजनों में किया जाता है क्योंकि यह प्रोटीन का स्रोत हो सकता है। बिहार और नेपाल में, सतुई आमतौर पर सूखे भुने हुए चने या मक्के से बनाई जाती है।
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सुबह खाली पेट सत्तू पीने से शरीर को कई तरह के लाभ होते हैं, जैसे कि पाचन तंत्र को बेहतर बनाना, शरीर को ठंडा रखना, और ऊर्जा प्रदान करना. सत्तू में प्रोटीन, फाइबर, और अन्य पोषक तत्व भरपूर होते हैं, जो शरीर को स्वस्थ रखने में मदद करते हैं.
सत्तू पीने के लाभ:
पाचन में सुधार:
सत्तू में फाइबर की मात्रा अधिक होती है, जो पाचन तंत्र को बेहतर बनाने में मदद करता है. यह कब्ज और अपच जैसी समस्याओं से राहत दिला सकता है।
शरीर को ठंडा रखना:
सत्तू की तासीर ठंडी होती है, जो गर्मियों में शरीर को ठंडा रखने में मदद करता है. यह लू लगने से भी बचाता है।
ऊर्जा प्रदान करना
सत्तू में प्रोटीन और कार्बोहाइड्रेट होते हैं, जो शरीर को ऊर्जा प्रदान करते हैं. यह थकान और कमजोरी को दूर करने में मदद करता है।
वजन घटाने में मदद
सत्तू में फाइबर की मात्रा अधिक होती है, जो पेट को भरा हुआ महसूस कराता है और वजन घटाने में मदद करता है।
ब्लड शुगर को नियंत्रित करना
सत्तू में ग्लाइसेमिक इंडेक्स कम होता है, जो ब्लड शुगर को नियंत्रित करने में मदद करता है.
शरीर को डिटॉक्स करना:
सत्तू शरीर से विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालने में मदद करता है.
अन्य लाभ:
शरीर में रेड ब्लड सेल्स का विकास
सत्तू में आयरन होता है, जो शरीर में रेड ब्लड सेल्स के विकास में मदद करता है.
मांसपेशियों को मजबूत बनाना
सत्तू में प्रोटीन होता है, जो मांसपेशियों को मजबूत बनाने में मदद करता है.
त्वचा को स्वस्थ रखना
सत्तू शरीर से विषाक्त पदार्थों को बाहर निकालने में मदद करता है, जो त्वचा को स्वस्थ रखने में मदद करता है.
ध्यान देने योग्य बातें-
सत्तू में ग्लूटन होता है, इसलिए जो लोग ग्लूटन से एलर्जी या सीलिएक बीमारी से पीड़ित हैं, उन्हें सत्तू का सेवन नहीं करना चाहिए।
अधिक मात्रा में सत्तू पीने से अपच, डायरिया, ब्लोटिंग, और गैस बन सकती है।
जिन लोगों का ब्लड प्रेशर अधिक रहता है, उन्हें सत्तू सीमित मात्रा में ही पीना चाहिए।
डायबिटीज के मरीजों को सत्तू पीने से पहले डायटीशियन की सलाह लेनी चाहिए।

