गर्मी से मिलेगी राहत या होगी और आफत, जानें मौसम विभाग का ताज़ा पूर्वानुमान
दक्षिण भारत में नर्क वाली गर्मी से परेशान लोगों के लिए आखिरकार एक खुशखबरी है। पिछले कुछ दिनों में महाराष्ट्र के कई हिस्सों में तापमान में चौंकाने वाली वृद्धि देखी गई जिसने आम जनजीवन को बुरी तरह से प्रभावित किया।
अब मौसम विभाग ने राहत की सांस लेने वाली खबर दी है। केंद्रीय मौसम विभाग के अनुसार अगले 48 घंटों में महाराष्ट्र और दक्षिण भारत के मौसम में अहम बदलाव आने की संभावना है।
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने अगले तीन दिनों तक राज्य के कुछ जिलों में बेमौसम बारिश की संभावना जताई है। इसका मतलब है कि आपको अचानक से बादल गरजने और हल्की या मध्यम बारिश होने की संभावना दिख सकती है। खासकर विदर्भ के जिलों के लिए यह खबर और भी महत्वपूर्ण है जहाँ अगले 5 दिनों तक गरज के साथ बारिश का अनुमान लगाया गया है। IMD ने लोगों को सलाह दी है कि वे बदलते मौसम के मुताबिक अपनी योजनाएं बनाएं और सुरक्षित रहें।
ये बारिश न केवल लोगों को भीषण गर्मी से राहत दिलाएगी बल्कि ये फसलों के लिए भी कुछ हद तक लाभदायक साबित हो सकती है खासकर उन क्षेत्रों में जहाँ पानी की कमी है। हालांकि ये बेमौसम बारिश कई फसलों के लिए अभिशाप भी हो सकती है इसलिए किसानों को सतर्क रहने की आवश्यकता है।
इन राज्यों में बर्फबारी की चेतावनी
वहीं दूसरी ओर देश के उत्तरी छोर पर स्थित जम्मू-कश्मीर उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के पहाड़ी इलाकों में मौसम बिल्कुल विपरीत रहने वाला है। यहाँ बर्फबारी और बूंदाबांदी की संभावना जताई गई है। जो लोग इन खूबसूरत पहाड़ी क्षेत्रों में घूमने की योजना बना रहे हैं उन्हें मौसम के इस बदलाव को ध्यान में रखना होगा।
इन राज्यों के मुख्य शहरों जैसे श्रीनगर शिमला और देहरादून में भी तापमान में गिरावट दर्ज की जाएगी। मौसम विभाग के अनुसार इन शहरों में अधिकतम तापमान 20 से 25 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है जबकि न्यूनतम तापमान 7 से 10 डिग्री सेल्सियस तक गिर सकता है। इसका मतलब है कि दिन में मौसम सुहावना रहेगा मगर रातें ठंडी हो सकती हैं। इसलिए पर्यटकों को सलाह दी जाती है कि वे अपने साथ गर्म कपड़े जरूर रखें।
ये बर्फबारी और बूंदाबांदी इन क्षेत्रों के प्राकृतिक सौंदर्य को और भी बढ़ा देगी मगर साथ ही यात्रा को थोड़ा चुनौतीपूर्ण भी बना सकती है। सड़कों पर फिसलन हो सकती है और कुछ रास्तों के बंद होने की भी संभावना है। इसलिए यात्रा करने से पहले स्थानीय मौसम की जानकारी जरूर लें और अपनी यात्रा की योजना सावधानीपूर्वक बनाएं।
देश के अन्य हिस्सों का मौसम: कहीं लू कहीं बारिश
अगर हम पूरे देश की बात करें तो मौसम का परिदृश्य काफी विविधतापूर्ण है। एक तरफ उत्तर-पश्चिमी भारत के कुछ हिस्सों में लू चलने की संभावना है जहाँ तापमान में और वृद्धि दर्ज की जा सकती है। वहीं दूसरी तरफ पूर्वोत्तर और दक्षिणी राज्यों में बारिश और आंधी-तूफान की गतिविधियाँ देखने को मिल सकती हैं।

