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न परीक्षा का झंझट न ऑनलाइन आवेदन, घर घर नौकरी देगी सरकार

UPSRTC Driver Vacancy 2026: उत्तर प्रदेश के ग्रामीण अंचलों में रहने वाले उन युवाओं के लिए एक शानदार अवसर आया है जो सरकारी पहियों पर अपना भविष्य संवारना चाहते हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (UPSRTC) ने संविदा बस चालकों की सीधी भर्ती का एक अनोखा खाका तैयार किया है। इस विशेष अभियान के तहत विभाग खुद चलकर बेरोजगारों के द्वार तक पहुंच रहा है।

आपके अपने गांव में होगा चयन

आमतौर पर सरकारी नौकरियों के लिए युवाओं को राजधानी या बड़े शहरों के चक्कर काटने पड़ते हैं। लेकिन इस बार रणनीति बदली हुई है। निगम प्रशासन ने फैसला किया है कि 250 संविदा चालकों की नियुक्ति के लिए शहरों के बजाय सुदूर देहाती क्षेत्रों में भर्ती शिविर लगाए जाएंगे। इसका सीधा लाभ उन ग्रामीण युवाओं को मिलेगा जो ड्राइविंग के क्षेत्र में करियर बनाना चाहते हैं मगर जानकारी या संसाधनों के अभाव में पिछड़ जाते हैं। अब उन्हें न तो ऑनलाइन आवेदन की जटिलता से जूझना होगा और न ही टेस्ट के लिए शहरों की लंबी यात्रा करनी होगी।

25 से 29 अगस्त तक का शेड्यूल: नोट कर लें तारीखें

भर्ती की प्रक्रिया को बेहद तेज और पारदर्शी रखा गया है। विभिन्न डिपो और बस स्टेशनों पर आयोजित होने वाले इन मेलों का कार्यक्रम कुछ इस प्रकार है:

  • 25 अगस्त: जारी एवं मड़िहान बस स्टेशन।
  • 26 अगस्त: मिर्जापुर डिपो कार्यशाला, बद्री प्रसाद तिवारी इंटर कॉलेज (भेजा रोड), सराय अकिल और कुंडा बस स्टेशन।
  • 27 अगस्त: मंझनपुर डिपो, झूंसी कार्यशाला और लालगंज बस स्टेशन।
  • 28 अगस्त: फूलपुर ब्लॉक परिसर और पट्टी बस स्टेशन।
  • 29 अगस्त: बादशाहपुर और प्रतापगढ़ डिपो कार्यशाला।

योग्यता और चयन प्रक्रिया: क्या है खास?

इस भर्ती की सबसे बड़ी विशेषता इसकी ‘वन-डे’ प्रक्रिया है। अभ्यर्थी को अपने समस्त मूल दस्तावेजों के साथ निर्धारित स्थल पर पहुंचना होगा। वहां उसी दिन कागजों की जांच होगी और तुरंत ड्राइविंग टेस्ट लिया जाएगा। जो उम्मीदवार प्रारंभिक परीक्षा में सफल होंगे उन्हें आगे के प्रशिक्षण के लिए कानपुर भेजा जाएगा।

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अनिवार्य शर्तें

  • शिक्षा: कम से कम आठवीं कक्षा उत्तीर्ण होना जरूरी है।
  • आयु: आवेदक की उम्र 23 वर्ष 6 माह से 58 वर्ष के बीच होनी चाहिए।
  • लाइसेंस: भारी वाहन (Heavy Vehicle) चलाने का कम से कम 2 साल पुराना वैध लाइसेंस अनिवार्य है।
  • दस्तावेज: आरक्षित वर्ग के उम्मीदवारों के पास 6 महीने के भीतर जारी हुआ जाति प्रमाण पत्र होना आवश्यक है।

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यूपीएसआरटीसी का यह कदम केवल खाली पदों को भरने की कवायद नहीं बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देने की एक पहल है। एक ही छत के नीचे आवेदन से लेकर टेस्ट तक की सुविधा देकर सरकार ने बिचौलियों की भूमिका खत्म कर दी है। यदि आप भी बस चलाने का हुनर रखते हैं तो यह पांच दिन आपके लिए स्वर्णिम साबित हो सकते हैं।

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