बड़ी खुशखबरी: यूपी में अब आधे दाम में मिलेगा नया बिजली कनेक्शन, जानें कैसे उठाएं लाभ
उत्तर प्रदेश में बिजली का नया कनेक्शन लेने की सोच रहे लोगों के लिए हालात पहले से कहीं बेहतर हो गए हैं। राज्य में लागू की गई नई दरों के बाद आम उपभोक्ताओं को अब बिजली कनेक्शन के लिए ज्यादा पैसा खर्च नहीं करना पड़ेगा। यह बदलाव खास तौर पर मध्यम और निम्न आय वर्ग के परिवारों के लिए राहत लेकर आया है।
नई व्यवस्था से घटा बोझ
यूपी पावर कॉरपोरेशन ने नई कॉस्ट डाटा बुक लागू कर दी है। इसके चलते एक और दो किलोवाट के बिजली कनेक्शन की कीमत में उल्लेखनीय कमी आई है। पहले जहां उपभोक्ताओं को लगभग 6400 रुपये तक चुकाने पड़ते थे। अब वही कनेक्शन करीब 3198 रुपये में उपलब्ध होगा। यह बदलाव नए उपभोक्ताओं की जेब पर सीधा सकारात्मक असर डालेगा।
सिक्योरिटी मनी से मिली निजात
नई व्यवस्था का एक अहम पहलू यह भी है कि अब बिजली कनेक्शन लेते समय उपभोक्ताओं से सिक्योरिटी डिपॉजिट नहीं लिया जाएगा। इससे खासकर किराएदारों और सीमित आय वाले परिवारों को तत्काल राहत मिलेगी। पहले यह राशि एक अतिरिक्त आर्थिक दबाव बन जाती थी।
स्मार्ट मीटर की कीमतों में संशोधन
नियामक आयोग के निर्देश के अनुसार सिंगल फेज स्मार्ट प्रीपेड मीटर की कीमत 2800 रुपये तय की गई है। वहीं थ्री फेज स्मार्ट मीटर की नई लागत 4100 रुपये निर्धारित की गई है। इससे पहले इन मीटरों की कीमत को लेकर उपभोक्ताओं में असमंजस और असंतोष बना हुआ था।
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अतिरिक्त वसूली की वापसी का आदेश
पिछले कुछ महीनों में उपभोक्ताओं से तय सीमा से अधिक वसूली की गई थी। अब पावर कॉरपोरेशन को करीब 16 करोड़ रुपये की राशि लौटानी होगी। यह फैसला उपभोक्ताओं के अधिकारों को मजबूत करता है और निगरानी व्यवस्था को भी दर्शाता है।
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मौजूदा नियमों के तहत 150 किलोवाट तक और 300 मीटर दूरी तक बिना एस्टीमेट के कनेक्शन देने की सुविधा केवल विकसित क्षेत्रों में लागू है। उपभोक्ता परिषद अब यह सुविधा अविकसित और अर्धविकसित कॉलोनियों तक बढ़ाने की मांग करने जा रही है। इससे शहरों के बाहरी इलाकों में रहने वालों को भी समान लाभ मिलने की उम्मीद है।
कुल मिलाकर राहत की खबर
बिजली दरों और कनेक्शन लागत में किए गए ये बदलाव आम जनता के लिए सुकून देने वाले हैं। बढ़ती महंगाई के बीच यह फैसला घरेलू बजट को संतुलित रखने में मददगार साबित हो सकता है।

