भारत

क्या भारत में भी रची जा रही है बांग्लादेश जैसी साजिश, राजनाथ सिंह के खुलासे से मची सनसनी

देश की राजनीति में उस वक्त भारी उबाल आ गया जब केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने विपक्षी दलों के रवैये पर सीधा और बेहद कड़ा प्रहार किया। आमतौर पर शांत स्वभाव के लिए पहचाने जाने वाले राजनाथ सिंह ने केंद्र सरकार, मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) और चुनाव आयोग के खिलाफ चल रहे कांग्रेस और कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के साझा आंदोलनों को आड़े हाथों लिया। उन्होंने विपक्ष के इस मनमाने तेवर को लोकतांत्रिक दायरे से बाहर बताते हुए साफ चेताया कि यह ठीक बांग्लादेश की तर्ज पर देश में अराजकता और दबाव बनाकर तख्तापलट करने की एक सुनियोजित साजिश जैसा प्रतीत होता है। भाजपा के दिग्गज नेता ने राहुल गांधी को मर्यादा में रहने की नसीहत देते हुए कहा कि जनादेश के बिना पिछले दरवाजे से दिल्ली की गद्दी हथियाने की उतावली राजनीति देश की संप्रभुता के लिए घातक है।

विदेशी हस्तक्षेप के आरोप: सलमान रुश्दी और मीरा नायर का खुला समर्थन

देश के भीतर जारी इन प्रदर्शनों को लेकर अंतरराष्ट्रीय दखल और विदेशी ताकतों के सक्रिय होने के आरोप अब खुलकर सामने आने लगे हैं। अमेरिका में भारतीय मूल के लेखक सलमान रुश्दी और फिल्ममेकर मीरा नायर द्वारा सीजेपी आंदोलन का समर्थन किए जाने के बाद यह बहस और गरमा गई है। रुश्दी के इस बयान ने कि ‘भारत उबल रहा है’ और मीरा नायर के खुद को मंच पर ‘कॉकरोच मॉम’ कहकर आंदोलन की सराहना करने पर कई तीखे सवाल उठ रहे हैं। मीरा नायर के बेटे और न्यूयॉर्क के नेता जोहरान ममदानी पहले भी आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के अमेरिकी कार्यक्रम का विरोध कर अपनी भाजपा-विरोधी लाइन स्पष्ट कर चुके हैं। राजनीतिक विश्लेषक अब सवाल उठा रहे हैं कि क्या सीजेपी के प्रमुख चेहरों—अभिजीत दीपके, सौरभ दास और जर्मनी से यूट्यूब चलाने वाले ध्रुव राठी की अचानक सक्रियता और बयानबाजी को विदेशी आकाओं से खाद-पानी मिल रहा है।

मोदी, ट्रंप और नेतन्याहू भी कर रहे सलाम, जानें कौन है ये भारतीय हीरो जिसने अकेले नाकाम कर दी सबसे बड़ी आतंकी साजिश

अभिनेता इमरान खान को नोटिस और रायबरेली पर खुला चैलेंज

इसी बीच बॉलीवुड अभिनेता आमिर खान के भांजे इमरान खान को भारत छोड़ने का कानूनी नोटिस जारी होने के बाद सियासी पारा और चढ़ गया है। भारतीय नागरिकता न होने के बावजूद महाराष्ट्र में सीजेपी के राजनीतिक धरने में शामिल होने को नियमों का गंभीर उल्लंघन माना गया, जिस पर सीजेपी संस्थापक अभिजीत दीपके के बचाव में उतरने की चौतरफा आलोचना हो रही है। उधर, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने उत्तर प्रदेश में कांग्रेस के वजूद पर तंज कसते हुए दो टूक चुनौती दी कि कांग्रेस रायबरेली में अखिलेश यादव और समाजवादी पार्टी के सहारे के बिना खुद के दम पर चुनाव जीतकर दिखाए। साथ ही पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) की बदहाली का जिक्र करते हुए उन्होंने दोहराया कि भारत को किसी सैन्य कार्रवाई की जरूरत ही नहीं पड़ेगी, क्योंकि पीओके की आवाम वहां के हालात से तंग आकर खुद ब खुद भारत में शामिल होने की आवाज बुलंद करेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *