उत्तर प्रदेशपॉलिटिक्सहोम

‘हमारा रथ तो सिर्फ डीजल भराने गया था’; मायावती पर अखिलेश का पलटवार, जानें प्रेस कांफ्रेंस की बड़ी बातें

Akhilesh Yadav Press Conference Lucknow: समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सोमवार को लखनऊ स्थित प्रदेश पार्टी कार्यालय में पार्टी संगठन की उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता की। मैराथन बैठक के बाद अखिलेश यादव ने पार्टी मुख्यालय में एक विस्तृत प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया, जिसकी शुरुआत सपा कार्यकर्ताओं द्वारा तैयार किए गए नए प्रचार गानों और वीडियो के साथ हुई।

अखिलेश यादव ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि भाजपा के नेता पूरी तरह नकारात्मक सोच से घिरे हैं और केवल निगेटिव नैरेटिव फैलाने में जुटे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि भाजपा चाहती है कि विपक्ष भी उनकी नकारात्मक राजनीति में उलझ जाए, लेकिन सपा कार्यकर्ता जमीनी स्तर पर जनता के मुद्दों को उठाकर भाजपा को करारा जवाब दे रहे हैं।

‘रथ तो सिर्फ डीजल भराने गया था’: मायावती के तंज पर अखिलेश का दो टूक जवाब

गठबंधन और विरोधी दलों की बयानबाजी पर स्थिति स्पष्ट करते हुए सपा प्रमुख ने कहा कि समाजवादी पार्टी का पुराना गठबंधन पूरी मजबूती के साथ वैसा ही बरकरार रहेगा जैसा पहले था। बहुजन समाज पार्टी (बसपा) सुप्रीमो मायावती के हालिया बयानों पर चुटीले अंदाज में पलटवार करते हुए अखिलेश ने कहा कि अभी तो हमारा चुनावी रथ सिर्फ पेट्रोल पंप पर डीजल भरवाने गया था और इतने भर से ही तमाम विरोधी दल बुरी तरह घबरा गए।

उन्होंने दावा किया कि बैठक में संगठन के सभी पदाधिकारियों ने आगामी चुनावों में सपा के इतिहास की अब तक की सबसे बड़ी और रिकॉर्ड तोड़ सीटें जीतकर सरकार बनाने का सामूहिक संकल्प लिया है। कार्यकर्ताओं की ग्राउंड रिपोर्ट और बूथ स्तर के डेटा के आधार पर पार्टी जल्द ही कई बड़े सांगठनिक फैसले लेने जा रही है।

‘भाजपा के पास सरकारी बजट, हमारे कार्यकर्ता बिना एक रुपये के बना रहे गाने’

भाजपा द्वारा चलाए जा रहे डिजिटल प्रचार अभियानों पर सवाल उठाते हुए पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा सरकारी खजाने और जनता के टैक्स के पैसों का दुरुपयोग करके प्रचार वीडियो और सामग्री बनवा रही है। इसके विपरीत, समाजवादी पार्टी के समर्पित कार्यकर्ता बिना एक भी रुपया लिए अपनी जेब और मेहनत से पार्टी की विचारधारा, नीतियों और पूर्ववर्ती सपा सरकार के विकास कार्यों पर आधारित गाने तैयार कर रहे हैं। अखिलेश ने कहा कि यह कार्यकर्ताओं का पार्टी के प्रति सच्चा प्रेम और भावनात्मक जुड़ाव है। हम किसी भी नकारात्मक प्रचार में विश्वास नहीं रखते, लेकिन राजनीतिक मैदान में किसी से पीछे भी नहीं हटेंगे।

आउटसोर्सिंग बना कमीशनखोरी का धंधा, सरकारी भर्तियों में PDA का हक छीना

सरकारी नौकरियों के मुद्दे पर योगी सरकार को घेरते हुए सपा प्रमुख ने आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश में सरकारी भर्तियों के नाम पर युवाओं के साथ खुला धोखा हो रहा है। उन्होंने कहा कि जब सपा ने भर्तियों का ऑडिट कराया था, तो साफ हुआ कि किस तरह बड़े पैमाने पर आरक्षण की चोरी की गई और पिछड़े, दलित तथा अल्पसंख्यक (PDA) वर्ग के युवाओं का संवैधानिक हक छीना गया।

उन्होंने दावा किया कि पार्टी द्वारा जारी ऑडिट रिपोर्ट में 11 हजार से ज्यादा सरकारी पदों की सीधी धांधली के पुख्ता प्रमाण हैं। अखिलेश ने आरोप लगाया कि सरकार जानबूझकर पक्की और स्थायी नौकरियां खत्म कर रही है और आउटसोर्सिंग को बढ़ावा दे रही है, क्योंकि पक्की नौकरी में कमीशन नहीं मिलता जबकि आउटसोर्सिंग निजी कंपनियों से मोटा कमीशन खाने का जरिया बन चुकी है।

151 जगहों पर बाबा साहब की प्रतिमाओं को तोड़ा गया, सरकार हाथ पर हाथ धरे बैठी

संविधान और दलित प्रतीकों के सम्मान का मुद्दा उठाते हुए अखिलेश यादव ने एक गंभीर खुलासा किया। उन्होंने दावा किया कि पार्टी के पास पूरे साक्ष्यों के साथ दस्तावेजी सूची मौजूद है जिसके अनुसार राज्य भर में अब तक 151 स्थानों पर बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमाओं को असामाजिक तत्वों द्वारा जानबूझकर तोड़ा और क्षतिग्रस्त किया गया है।

पुलिस ने अधिकांश मामलों में अज्ञात के खिलाफ खानापूर्ति वाली एफआईआर दर्ज कर फाइलें ठंडे बस्ते में डाल दी हैं। उन्होंने कहा कि उपद्रवी सबसे पहले बाबा साहब के हाथ को निशाना बनाते हैं क्योंकि उनके हाथ में देश के संविधान की किताब होती है। केंद्र में बैसाखियों पर टिकी सरकार संविधान, कानून और अदालतों की मर्यादाओं को तार-तार कर रही है।

गोवंश की मौतों का आंकड़ा गायब, लावारिस पशुओं के मुद्दे पर घेरा

राज्य में छुट्टा और बेसहारा पशुओं की समस्या पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि सरकार गोसंरक्षण के नाम पर सिर्फ खोखले दावे करती है। उन्होंने चुनौती देते हुए कहा कि यदि सरकार के पास वास्तविक डेटा है, तो वह सार्वजनिक करे कि प्रदेश में कुल कितनी गाय थीं और उनमें से कितनी भूख, कुपोषण, बीमारियों या सड़क हादसों का शिकार होकर दम तोड़ चुकी हैं। अखिलेश ने दावा किया कि जमीनी स्तर पर गौशालाओं में भारी भ्रष्टाचार है और सरकार के पास गायों की मौतों का कोई लेखा-जोखा नहीं है।

महिलाओं के लिए बड़ा दांव: सपा सरकार बनी तो लाएंगे ₹2 लाख का विशेष कार्यक्रम

आधी आबादी के सशक्तिकरण को लेकर पूछे गए सवाल पर अखिलेश यादव ने एक बड़ा चुनावी वादा किया। उन्होंने याद दिलाया कि सपा सरकार ने ही सबसे पहले माताओं-बहनों और छात्राओं के लिए ऐतिहासिक ‘समाजवादी पेंशन योजना’ शुरू की थी, जिसकी नकल बाद में मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र जैसे राज्यों ने की।

सपा का मास्टरस्ट्रोक, 75 जिले 75 विजन, जानें क्या है अखिलेश यादव का माइक्रो लेवल विजन जिससे कि बीजेपी हो जाएगी चारों खाने चित्त

उन्होंने कहा कि पहले सपा ने महिलाओं को ₹40 हजार देने की रूपरेखा बनाई थी, जिसकी नकल कर भाजपा ने ₹50 हजार और फिर योजना फेल होने पर ₹1 लाख का शिगूफा छोड़ा। अखिलेश ने ऐलान किया कि प्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार बनते ही महिलाओं, माताओं और बहनों के लिए पूरे ₹2 लाख की विशेष आर्थिक सहायता और स्वावलंबन योजना लागू की जाएगी, जिसका वित्तीय ढांचा बैंकों और सरकारी नियमों के अनुरूप तैयार किया जाएगा।

‘अस्पताल खुद बीमार, जिंदा मरीज को मॉर्च्युरी भेजा’: स्वास्थ्य व्यवस्था पर उठाए सवाल

प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था पर करारा प्रहार करते हुए सपा अध्यक्ष ने कहा कि आज सरकारी अस्पतालों के हालात ऐसे हो गए हैं कि वहां जाना जान जोखिम में डालने जैसा है। उन्होंने कई कथित घटनाओं का हवाला देते हुए कहा कि पेट दर्द के इलाज के लिए जाने पर मरीज का हाथ काट दिया गया, पैर में प्लास्टर के नाम पर टांग काट दी गई और ऑपरेशन थिएटर में होश आने पर मरीज जान बचाकर भाग निकला।

हद तो तब हो गई जब जिंदा इंसान को कागजों में मृत दिखाकर सीधे मॉर्च्युरी भेज दिया गया। अखिलेश ने आरोप लगाया कि सरकारी अस्पतालों में न जीवनरक्षक दवाइयां हैं और न ही समय पर एंबुलेंस मिल रही हैं, जिसके चलते एंबुलेंस में ही प्रसूताओं की मौत हो रही है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि प्रदेश में चल रहे नकली दवाओं और अवैध कोडीन कफ सिरप के सिंडिकेट में सत्ताधारी दल से जुड़े लोगों की मिलीभगत है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *